Date - 09/10/2024
"कक्षा 7वीं की सामाजिक विज्ञान पुस्तक के अध्यायों पर आधारित 40 अति महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर प्रस्तुत किए गए हैं, जो न केवल मध्य प्रदेश लोक सेवा प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा में सफलता के द्वार खोलेंगे, बल्कि ज्ञान के नए आयाम भी प्रदर्शित करेंगे। यह आपके ज्ञान और आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए एक सशक्त कदम है।"
1. समानता भारतीय लोकतंत्र की नींव क्यों मानी जाती है?
उत्तर: समानता भारतीय संविधान का प्रमुख सिद्धांत है। संविधान के अनुच्छेद 14 से 18 तक नागरिकों को समानता का अधिकार प्रदान किया गया है, जिसमें जाति, धर्म, लिंग, या जन्मस्थान के आधार पर भेदभाव का निषेध है। समानता का उद्देश्य समाज में सभी नागरिकों के लिए समान अवसर प्रदान करना है।
2. समानता का अधिकार किन अनुच्छेदों में वर्णित है?
उत्तर: समानता का अधिकार भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14 से 18 के अंतर्गत आता है। यह सभी नागरिकों को कानून के समक्ष समानता, अवसर की समानता और भेदभाव का निषेध सुनिश्चित करता है। यह अधिकार सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक समानता की नींव रखता है।
3. मिड-डे मील योजना का उद्देश्य क्या है?
उत्तर: मिड-डे मील योजना का उद्देश्य स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाना और पोषण की समस्या को दूर करना है। यह योजना विशेष रूप से गरीब और वंचित वर्गों के बच्चों को मुफ्त पोषणयुक्त भोजन प्रदान करती है ताकि उन्हें शिक्षा के साथ-साथ अच्छा पोषण भी मिले।
4. शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) का महत्व क्या है?
उत्तर: शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 (RTE) भारतीय संविधान के तहत 6 से 14 वर्ष के सभी बच्चों को मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा प्रदान करता है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चे भी प्राथमिक शिक्षा प्राप्त कर सकें और समान अवसर मिलें।
5. राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं में क्या भूमिका निभाती है?
उत्तर: राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए अस्पतालों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और स्वच्छता कार्यक्रमों का संचालन करती है। योजनाएं जैसे आयुष्मान भारत और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) गरीबों और ग्रामीण क्षेत्रों में सस्ती चिकित्सा सेवाएं प्रदान करती हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ती है।
6. राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) का उद्देश्य क्या है?
उत्तर: राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार करना है। इसके तहत, ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्र और उपकेंद्र स्थापित किए गए हैं ताकि गरीब और वंचित तबके तक सस्ती और प्रभावी चिकित्सा सेवाएं पहुंचाई जा सकें। यह मिशन विशेष रूप से मातृ और शिशु स्वास्थ्य पर केंद्रित है।
7. राज्यपाल की राज्य शासन में क्या भूमिका होती है?
उत्तर: राज्यपाल राज्य का संवैधानिक प्रमुख होता है और राज्य सरकार के कामकाज की निगरानी करता है। वह मुख्यमंत्री की नियुक्ति करता है, विधान सभा के सत्रों को बुलाता है, और विधान सभा द्वारा पारित विधेयकों को मंजूरी देता है। वह राज्य में संविधान के अनुसार शासन सुनिश्चित करता है।
8. राज्य विधान सभा का मुख्य कार्य क्या है?
उत्तर: राज्य विधान सभा का मुख्य कार्य कानून बनाना, राज्य की समस्याओं पर चर्चा करना और उन्हें हल करना है। विधायक विधान सभा में जनता के मुद्दे उठाते हैं, और बहुमत से पारित विधेयकों को लागू करने के लिए राज्य सरकार को सौंपा जाता है। यह राज्य की शासन व्यवस्था का महत्वपूर्ण अंग है।
9. राज्य शासन किस प्रकार काम करता है?
उत्तर: राज्य शासन में मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमंडल द्वारा राज्य के प्रशासन का संचालन किया जाता है। मुख्यमंत्री विधान सभा में बहुमत प्राप्त दल का नेता होता है। राज्य सरकार कानून बनाती है और जनता के मुद्दों को हल करने के लिए विधायकों के साथ मिलकर काम करती है। राज्यपाल शासन की निगरानी करता है।
10. लड़के और लड़कियों के जीवन के अनुभवों में क्या अंतर होता है?
उत्तर: समाज में लड़के और लड़कियों के प्रति अलग-अलग अपेक्षाएं होती हैं। लड़कों को स्वतंत्रता और शिक्षा में अधिक मौके दिए जाते हैं, जबकि लड़कियों से घरेलू काम की अपेक्षा की जाती है। यह भेदभाव उनके भविष्य के अवसरों को प्रभावित करता है, जिससे समाज में असमानता बनी रहती है।
11. लड़कियों के प्रति समाज में भेदभाव के क्या परिणाम होते हैं?
उत्तर: समाज में लड़कियों के प्रति भेदभाव से उन्हें शिक्षा, रोजगार, और स्वतंत्रता के कम मौके मिलते हैं। इसका परिणाम यह होता है कि उनका आर्थिक और सामाजिक विकास बाधित होता है। यह असमानता उनके आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास को भी प्रभावित करती है, जिससे उनका भविष्य सीमित हो जाता है।
12. सावित्रीबाई फुले का शिक्षा क्षेत्र में क्या योगदान है?
उत्तर: सावित्रीबाई फुले 19वीं सदी की पहली महिला शिक्षिका थीं, जिन्होंने महिलाओं और दलितों के लिए शिक्षा के महत्व को समझते हुए लड़कियों के लिए पहला स्कूल खोला। उन्होंने महिलाओं की शिक्षा के प्रति समाज की रूढ़िवादी मानसिकता को चुनौती दी और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान किया।
13. इंदिरा गांधी का भारतीय राजनीति में योगदान क्या है?
उत्तर: इंदिरा गांधी भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री थीं। उन्होंने 1966 से 1977 और फिर 1980 से 1984 तक प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया। उनके कार्यकाल में भारत ने हरित क्रांति और बांग्लादेश युद्ध में विजय जैसी प्रमुख उपलब्धियां हासिल कीं, जिससे देश की राजनीति और अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव आए।
14. जेंडर असमानता को दूर करने के लिए कौन-कौन से सरकारी प्रयास किए गए हैं?
उत्तर: जेंडर असमानता को दूर करने के लिए सरकार ने कई योजनाएं शुरू की हैं, जैसे "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" और "सुकन्या समृद्धि योजना"। इन योजनाओं का उद्देश्य लड़कियों की शिक्षा, स्वास्थ्य, और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है, जिससे समाज में जेंडर असमानता को कम किया जा सके।
15. मीडिया की समाज में क्या भूमिका है?
उत्तर: मीडिया समाज में जानकारी, शिक्षा और मनोरंजन का मुख्य स्रोत है। यह लोकतंत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए लोगों को सरकार की नीतियों और सामाजिक मुद्दों के बारे में सूचित करता है। मीडिया के माध्यम से लोग समाज में हो रही घटनाओं और बदलावों से जुड़े रहते हैं, जो जनमत निर्माण में सहायक होता है।
16. टीवी और इंटरनेट का सूचना प्रसारण में क्या महत्व है?
उत्तर: टीवी और इंटरनेट सूचना प्रसारण के सबसे प्रभावी माध्यम हैं। टीवी दृश्य माध्यम के रूप में समाचार, शिक्षा और मनोरंजन को घर-घर तक पहुंचाता है, जबकि इंटरनेट ने सूचना के आदान-प्रदान को तेज और प्रभावी बना दिया है। इसके माध्यम से लोग दुनिया भर की जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
17. स्थानीय बाजार का क्या महत्व है?
उत्तर: स्थानीय बाजार लोगों की दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति करने का महत्वपूर्ण स्थल होता है। इसमें सब्जियां, फल, कपड़े, और अन्य घरेलू वस्तुएं मिलती हैं। स्थानीय बाजारों के माध्यम से उपभोक्ताओं और विक्रेताओं के बीच सीधा संपर्क होता है, जिससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच आर्थिक गतिविधियों का आदान-प्रदान होता है।
18. साप्ताहिक बाजार की विशेषताएँ क्या हैं?
उत्तर: साप्ताहिक बाजार एक निश्चित दिन पर लगता है, जहां स्थानीय विक्रेता अपने सामान बेचते हैं। यह बाजार ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में लोकप्रिय होता है, क्योंकि यह छोटे विक्रेताओं और उपभोक्ताओं को एक मंच प्रदान करता है। साप्ताहिक बाजार में वस्त्र, सब्जियां, और घरेलू सामान उपलब्ध होते हैं।
19. बाजार में कपड़ों का उत्पादन और वितरण कैसे होता है?
उत्तर: बाजार में कपड़े का उत्पादन और वितरण विभिन्न चरणों से गुजरता है। किसान कपास उगाते हैं, बुनकर धागे तैयार करते हैं, और दर्जी कपड़े सिलते हैं। फिर विक्रेता इन्हें बाजार में बेचते हैं। इस प्रक्रिया में विभिन्न लोगों की मेहनत और श्रम का योगदान होता है।
20. किस प्रकार एक कमीज का निर्माण कई लोगों की मेहनत का परिणाम होता है?
उत्तर: एक कमीज का निर्माण कपास की खेती से शुरू होकर कताई, बुनाई, रंगाई, और सिलाई के विभिन्न चरणों से गुजरता है। किसान, बुनकर, रंगरेज, दर्जी और विक्रेता मिलकर इस प्रक्रिया में योगदान देते हैं। यह दिखाता है कि बाजार व्यवस्था में एक साधारण वस्त्र कई लोगों की मेहनत का परिणाम होता है।
21. लड़के और लड़कियों की परवरिश में क्या अंतर होता है?
उत्तर: लड़के और लड़कियों की परवरिश में सामाजिक अपेक्षाएं और संस्कार भिन्न होते हैं। लड़कों को अधिक स्वतंत्रता और बाहर खेलने की छूट मिलती है, जबकि लड़कियों से घरेलू कामों में योगदान की अपेक्षा की जाती है। यह भेदभाव उनके विकास और भविष्य की संभावनाओं को प्रभावित करता है।
22. समाज में लड़कियों की भूमिका किस प्रकार निर्धारित की जाती है?
उत्तर: समाज में लड़कियों की भूमिका पारंपरिक रूप से घरेलू कामकाज और परिवार के देखभाल तक सीमित की जाती है। यह मान्यता है कि लड़कियों को शिक्षा या करियर की बजाय घर और बच्चों की देखभाल करनी चाहिए। इससे उनके विकास और अवसरों में कमी आती है।
23. लड़कियों के प्रति भेदभाव से उनके जीवन पर क्या प्रभाव पड़ता है?
उत्तर: लड़कियों के प्रति भेदभाव से उन्हें शिक्षा और करियर के अवसर कम मिलते हैं, जिससे उनका आर्थिक और सामाजिक विकास रुक जाता है। यह असमानता उनके आत्मविश्वास, मानसिक स्वास्थ्य और व्यक्तित्व पर नकारात्मक प्रभाव डालती है।
24. सावित्रीबाई फुले का महिलाओं की शिक्षा में क्या योगदान है?
उत्तर: सावित्रीबाई फुले भारत की पहली महिला शिक्षिका थीं जिन्होंने महिलाओं और दलितों के लिए शिक्षा के दरवाजे खोले। उन्होंने बालिकाओं की शिक्षा के लिए पहला विद्यालय खोला और समाज में शिक्षा के महत्व को बढ़ावा दिया, जिससे महिलाओं का सशक्तिकरण हुआ।
25. महिलाएं किस प्रकार समाज में बदलाव ला सकती हैं?
उत्तर: महिलाएं शिक्षा, रोजगार और सामाजिक सुधारों के माध्यम से समाज में बदलाव ला सकती हैं। जब महिलाएं सशक्त होती हैं, तो वे अपने परिवारों और समुदायों में नेतृत्व की भूमिका निभाती हैं, जो समाज में समानता और विकास को बढ़ावा देता है।
26. महिला सशक्तिकरण से समाज को क्या लाभ होते हैं?
उत्तर: महिला सशक्तिकरण से समाज में लैंगिक समानता बढ़ती है, और महिलाएं आर्थिक और सामाजिक निर्णयों में भाग लेती हैं। इससे समाज में समृद्धि और संतुलन आता है, और परिवारों में भी खुशहाली बढ़ती है। महिलाओं के सशक्तिकरण से देश की प्रगति होती है।
27. संचार माध्यम क्या होते हैं?
उत्तर: संचार माध्यम वे साधन होते हैं जिनके माध्यम से लोग सूचनाओं का आदान-प्रदान करते हैं। इसमें समाचार पत्र, टीवी, रेडियो, इंटरनेट और सोशल मीडिया शामिल होते हैं। ये माध्यम लोगों को जानकारी, शिक्षा, और मनोरंजन प्रदान करने के साथ-साथ जनमत निर्माण में भी भूमिका निभाते हैं।
28. संचार माध्यमों का समाज में क्या महत्व है?
उत्तर: संचार माध्यमों के द्वारा लोग दुनिया भर की खबरों से जुड़े रहते हैं। ये लोकतंत्र को मजबूत बनाते हैं, लोगों को सरकार की नीतियों और सामाजिक मुद्दों के बारे में जागरूक करते हैं। साथ ही, जनमत निर्माण और सामाजिक बदलाव में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
29. टीवी और इंटरनेट के फायदे और नुकसान क्या हैं?
उत्तर: टीवी और इंटरनेट जानकारी और मनोरंजन के प्रभावी साधन हैं। इनके माध्यम से लोग ताजातरीन खबरों से जुड़े रहते हैं और शिक्षा प्राप्त करते हैं। हालांकि, इनका अत्यधिक उपयोग समय की बर्बादी और गलत जानकारी फैलाने का खतरा भी पैदा करता है।
30. स्थानीय बाजार का क्या महत्व है?
उत्तर: स्थानीय बाजार लोगों की दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति का साधन है। यहां लोग ताजे फल, सब्जियां, कपड़े, और घरेलू वस्त्र खरीदते हैं। यह विक्रेताओं और ग्राहकों के बीच सीधा संपर्क स्थापित करता है और ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच आर्थिक आदान-प्रदान का स्रोत है।
31. साप्ताहिक बाजार क्या होता है?
उत्तर: साप्ताहिक बाजार एक विशेष दिन पर लगने वाला बाजार होता है, जहां विभिन्न वस्त्र, फल, सब्जियां, और घरेलू सामान बेचे जाते हैं। यह बाजार स्थानीय समुदायों के लिए महत्वपूर्ण होते हैं क्योंकि यहां कम कीमत पर दैनिक जरूरत की चीजें मिलती हैं।
32. बाजारों का समाजिक और आर्थिक जीवन में क्या महत्व है?
उत्तर: बाजार समाजिक और आर्थिक जीवन का केंद्र होते हैं, जहां लोग विभिन्न वस्तुओं का आदान-प्रदान करते हैं। यह रोजगार का स्रोत होता है और उत्पादन से लेकर खपत तक के विभिन्न चरणों को जोड़ता है। बाजार समाज के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
33. एक कमीज का उत्पादन कैसे होता है?
उत्तर: एक कमीज के उत्पादन की प्रक्रिया में कपास की खेती, धागा तैयार करना, बुनाई, रंगाई, और सिलाई शामिल होते हैं। किसान, बुनकर, रंगरेज, और दर्जी इस प्रक्रिया में योगदान करते हैं। इसका उत्पादन बाजार की मांग पर निर्भर करता है और यह व्यापार श्रृंखला का हिस्सा होता है।
34. एक कमीज के निर्माण में किन-किन लोगों का योगदान होता है?
उत्तर: एक कमीज के निर्माण में किसान कपास उगाते हैं, बुनकर कपड़ा तैयार करते हैं, रंगरेज कपड़े को रंगते हैं, और दर्जी उसे सिलते हैं। इसके बाद यह व्यापारी और विक्रेता के माध्यम से बाजार में पहुंचती है। इस प्रकार कमीज के उत्पादन में कई लोगों की मेहनत जुड़ी होती है।
35. बाजार में वस्त्र उद्योग का क्या महत्व है?
उत्तर: वस्त्र उद्योग भारत का प्रमुख आर्थिक क्षेत्र है। यह बड़ी संख्या में रोजगार प्रदान करता है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करता है। बाजार में वस्त्रों की मांग बढ़ने से उत्पादन और व्यापार में वृद्धि होती है, जिससे देश की आर्थिक स्थिति मजबूत होती है।
36. किसानों और बुनकरों की समस्या क्या है?
उत्तर: किसान और बुनकर अक्सर कम आय और बाजार में प्रतिस्पर्धा के कारण समस्याओं का सामना करते हैं। कपास के दाम गिरने पर किसान और बुनकरों को नुकसान होता है। इसके अलावा, बिचौलिए उनकी मेहनत का उचित मूल्य नहीं देते, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति कमजोर होती है।
37. बुनाई का काम कौन करता है और इसमें किन समस्याओं का सामना करना पड़ता है?
उत्तर: बुनाई का काम मुख्य रूप से कारीगर और बुनकर करते हैं। उन्हें कच्चे माल की उच्च कीमत, मजदूरी की कमी, और मशीनों के साथ प्रतिस्पर्धा जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इसके परिणामस्वरूप उनका पारंपरिक काम और आय कम होती जा रही है।
38. कैसे बाजार की मांग किसानों और बुनकरों को प्रभावित करती है?
उत्तर: बाजार की मांग का सीधा असर किसानों और बुनकरों पर पड़ता है। यदि बाजार में कपास या कपड़ों की मांग कम होती है, तो किसानों और बुनकरों को उचित कीमत नहीं मिलती। इससे उनकी आर्थिक स्थिति कमजोर हो जाती है और उनके जीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
39. सूरत और तिरुपुर के वस्त्र उद्योग का महत्व क्या है?
उत्तर: सूरत और तिरुपुर भारत के प्रमुख वस्त्र उद्योग केंद्र हैं। यहां से बड़ी मात्रा में वस्त्रों का उत्पादन और निर्यात किया जाता है। इन क्षेत्रों ने भारत को वस्त्र उद्योग में एक प्रमुख देश के रूप में स्थापित किया है और यहां लाखों लोगों को रोजगार मिलता है।
40. बाजार में एक वस्त्र की कीमत किन कारकों पर निर्भर करती है?
उत्तर: बाजार में एक वस्त्र की कीमत उसके उत्पादन लागत, कच्चे माल की
कीमत, श्रम, और बाजार की मांग पर निर्भर करती है। इसके अलावा, बिचौलियों और विक्रेताओं द्वारा जोड़े गए मुनाफे का भी वस्त्र की कीमत पर प्रभाव होता है।

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